प्रशासन से अपील: लगातार पाइपलाइन लीकेज से सड़क पर गड्ढे, पानी भरने से हाईटेंशन खंभे की नींव कमजोर—सड़क की ओर बढ़ रहा झुकाव
कानपुर। थाना जाजमऊ क्षेत्र के वार्ड 58 स्थित ताड़बगिया मुख्य मार्ग पर एमराल्ड नंबर-2 के आगे पाइपलाइन लीकेज की समस्या लगातार बनी हुई है। लगातार पानी का रिसाव होने के कारण सड़क पर पानी भर रहा है और जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

स्थानीय लोगों के मुताबिक गड्ढों में पानी भर जाने के कारण आए दिन बैटरी रिक्शा पलट जाते हैं। कई बार बैटरी रिक्शा पलटने से महिलाएं और बच्चे चोटिल भी हो चुके हैं। समस्या को देखते हुए स्थानीय लोगों ने विभागीय कार्रवाई का इंतजार करने के बजाय समाजसेवा के भाव से स्वयं आगे आकर गड्ढों में मलबा डालकर उन्हें पाटने का प्रयास किया।
वहीं इस पूरे मामले में सबसे गंभीर स्थिति हाईटेंशन लाइन के खंभे के लगातार सड़क की ओर झुकने को लेकर सामने आ रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार पाइपलाइन में लगातार लीकेज होने से खंभे के आसपास की जमीन में लंबे समय से पानी जमा हो रहा है। लगातार पानी के संपर्क में रहने से खंभे की नींव के आसपास की मिट्टी ढीली होकर अपनी प्राकृतिक पकड़ खोती जा रही है। पानी के दबाव और लगातार रिसाव के कारण मिट्टी का कटाव भी हो रहा है, जिससे खंभे को जमीन के अंदर मिलने वाला सहारा कमजोर पड़ रहा है। इसी वजह से हाईटेंशन खंभा धीरे-धीरे सड़क की तरफ झुकता जा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पाइपलाइन लीकेज को तत्काल बंद नहीं किया गया और खंभे की नींव के आसपास की कमजोर हो चुकी जमीन को मजबूत नहीं किया गया, तो खंभे का झुकाव लगातार बढ़ सकता है। ताड़बगिया मुख्य मार्ग पर दिनभर बैटरी रिक्शा, छोटे-बड़े वाहन और आम राहगीरों का भारी आवागमन रहता है। ऐसे में लोगों के बीच किसी बड़े हादसे को लेकर चिंता बनी हुई है।
*प्रशासन से अपील*
स्थानीय लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मांग की है कि पाइपलाइन लीकेज को तत्काल दुरुस्त कराया जाए, खंभे की नींव के आसपास जमा पानी को हटाकर जमीन की स्थिति की जांच कराई जाए तथा कमजोर हुई नींव और मिट्टी को आवश्यक तकनीकी उपायों से मजबूत कराया जाए। साथ ही सड़क के गड्ढों को स्थायी रूप से भरवाया जाए और झुक रहे हाईटेंशन खंभे को तत्काल दुरुस्त कराया जाए।
लोगों का कहना है कि समस्या का स्थायी समाधान समय रहते किया जाना जरूरी है, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे की स्थिति पैदा न हो |

